जब इंसान अपनी गलतियों का “वकील” बन जाये

जब इंसान अपनी गलतियों का “वकील”
और
दूसरों की गलतियों का “जज” बन जाये
तो
“फैसले”नहीं “फासले” हो जाते है ….

सुप्रभात आपका दिन मंगलमय हो